
अतरौलिया (आशीष कुमार निषाद)। देवीगंज बाजार (लोहरा) में दरवाजे के सामने वाहन खड़ा करने को लेकर चल रहा पुराना विवाद शनिवार रात मारपीट तक पहुंच गया। दो महिलाओं ने सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के प्रदेश महासचिव समेत चार लोगों पर घर में घुसकर मारपीट, अभद्रता, कपड़े फाड़ने और जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करने का आरोप लगाया है। पीड़ित महिलाओं ने रविवार को अतरौलिया थाने पहुंचकर नामजद तहरीर दी और मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की मांग की। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
देवीगंज बाजार निवासी सरिता गौड़ पत्नी अनूप गौड़ और उनकी जेठानी पूजा गौड़ पत्नी विनोद गौड़ का आरोप है कि विपक्षी पक्ष के लोग आए दिन उनके घर के दरवाजे के सामने वाहन खड़ा कर देते हैं। वाहन हटाने के लिए कहने पर कथित तौर पर गाली-गलौज की जाती थी।
महिलाओं के मुताबिक, 5 सितंबर की रात करीब नौ बजे सुभासपा के प्रदेश महासचिव रमेश गौड़, उनके पिता बैजू उर्फ बैजनाथ गौड़, पुत्र विकास गौड़ और पत्नी चिंता गौड़ उनके दरवाजे पर पहुंचे और विवाद करने लगे। आरोप है कि इस दौरान जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए लात-घूंसों और डंडों से मारपीट की गई। विरोध करने पर हाथ पकड़कर घसीटने और कपड़े फाड़ने का भी आरोप लगाया गया है।
शोर सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और किसी तरह दोनों पक्षों के बीच बीच-बचाव कराया। सरिता गौड़ के अनुसार, घटना की सूचना पर रात में डायल-112 पुलिस भी मौके पर पहुंची थी। आरोप है कि इस दौरान भी विपक्षी पक्ष की ओर से धमकी दी गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर दोनों पक्षों को समझाया।
महिलाओं ने एक और गंभीर आरोप लगाते हुए बताया कि 6 सितंबर की सुबह करीब चार बजे जब वह शौच के लिए जा रही थीं, तभी रास्ते में आरोपियों ने उन्हें घेर लिया और कथित तौर पर खींचकर अभद्रता करने का प्रयास किया। शोर मचाने पर ग्रामीणों के पहुंचने के बाद आरोपी जान से मारने की धमकी देते हुए चले गए। महिलाओं का कहना है कि छीना-झपटी के दौरान उनके कपड़े फट गए, चूड़ियां टूट गईं और शरीर पर चोटें आईं।
पीड़िताओं ने पुलिस को बताया कि घटना के समय उनके घर में कोई पुरुष सदस्य मौजूद नहीं है, जिससे परिवार में भय का माहौल है। उन्होंने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर सख्त कार्रवाई और परिवार को सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग की है।
वहीं, आरोपों के संबंध में सुभासपा नेता रमेश गौड़ ने इन्हें पूरी तरह झूठा और बेबुनियाद बताया। उन्होंने कहा कि वह अपनी गाड़ी अपने घर पर ही खड़ी करते हैं और कभी-कभी वाहन आगे-पीछे हो जाता है। महिलाओं की ओर से लगाए गए अन्य आरोप भी मनगढ़ंत हैं।
थानाध्यक्ष देवेंद्र नाथ दुबे ने बताया कि महिलाओं की ओर से तहरीर प्राप्त हुई है। मामले की जांच की जा रही है। जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर उचित विधिक कार्रवाई की जाएगी।
