






आजमगढ़: उत्तर प्रदेश स्पेशल टास्क फोर्स, लखनऊ ने आजमगढ़ में फर्जी और कूटरचित दस्तावेज बनाने वाले गिरोह के दो सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार अभियुक्त शशि प्रकाश राय उर्फ राजन शर्मा उर्फ शनि और मनीष कुमार राय हैं। इनके कब्जे से 207 फर्जी मार्कशीट, सर्टिफिकेट, रजिस्ट्रेशन और माइग्रेशन सर्टिफिकेट, 42 फर्जी मोहर, पांच सीपीयू, दो पेन ड्राइव, दस रजिस्टर और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद हुए हैं। गिरफ्तारगी की कार्रवाई 25 मार्च 2026 को ग्राम सुहौली, थाना बरदह, आजमगढ़ में शाम 4:40 बजे हुई।
पूछताछ में अभियुक्तों ने बताया कि शशि प्रकाश राय दिल्ली से सक्रिय है और उसने पहले आगरा और जौनपुर में इसी तरह का काम किया है। उसने वर्ष 2022 में जौनपुर में एक कॉल सेंटर खोला था, जहां सोशल मीडिया के माध्यम से दस्तावेज बनाने की जानकारी दी जाती थी। मनीष कुमार राय द्वारा शशि प्रकाश के बताए विवरण के अनुसार फर्जी दस्तावेज तैयार किए जाते थे और इनके द्वारा बनाई गई फर्जी वेबसाइट पर रिजल्ट अपलोड किए जाते थे। लोग रोल नंबर डालकर ऑनलाइन रिजल्ट चेक करते थे और दस्तावेज असली प्रतीत होते थे। फर्जी दस्तावेज बनाने के लिए 5 से 20 हजार रुपये लिए जाते थे और लगभग 6-7 हजार से अधिक दस्तावेज तैयार किए जा चुके हैं।
इस मामले में साइबर थाना प्रयागराज में प्राथमिकी दर्ज की गई है। अभियुक्तों पर विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया गया है और अग्रिम वैधानिक कार्रवाई स्थानीय पुलिस द्वारा की जा रही है।
