
आजमगढ़। बरदह थाना पुलिस ने फर्जी शैक्षणिक प्रमाण-पत्रों के आधार पर अलग-अलग जन्मतिथि दर्शाकर दो बार पासपोर्ट बनवाने के मामले का खुलासा करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने कूटरचित दस्तावेजों का इस्तेमाल कर पासपोर्ट हासिल किया था। पुलिस ने उसके खिलाफ धोखाधड़ी, जालसाजी और पासपोर्ट अधिनियम की धाराओं में कार्रवाई की है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में शासकीय अभिलेखों एवं पहचान संबंधी दस्तावेजों के दुरुपयोग पर रोक लगाने के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई। पुलिस के अनुसार, 18 जुलाई 2026 को उपनिरीक्षक रविन्द्र कुमार भारती की तहरीर पर यह मामला सामने आया कि मोहम्मद किरमान पुत्र लालमोहम्मद निवासी रसूलपुर तुंगी, थाना बरदह ने अलग-अलग फर्जी शैक्षणिक प्रमाण-पत्रों में भिन्न-भिन्न जन्मतिथि अंकित कर दो बार पासपोर्ट बनवा लिया।
प्रथम दृष्टया आरोप सही पाए जाने पर थाना बरदह में मुकदमा संख्या 249/2026 दर्ज करते हुए भारतीय दंड संहिता की धारा 419, 420, 467, 468, 471 तथा पासपोर्ट अधिनियम 1967 की धारा 12(1)(B) के तहत केस दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।
विवेचना के दौरान रविवार, 19 जुलाई 2026 को उपनिरीक्षक अम्बुज कुमार राही अपनी पुलिस टीम के साथ खराट नहर पुलिया के पास पहुंचे, जहां से आरोपी मोहम्मद किरमान (39 वर्ष) को सुबह करीब 11:50 बजे गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी कर आरोपी को न्यायालय में पेश कर दिया।
पुलिस के अनुसार, आरोपी के खिलाफ इसी मामले में मुकदमा दर्ज है और उससे पूछताछ के आधार पर आगे की जांच की जा रही है।
गिरफ्तारी करने वाली टीम में उपनिरीक्षक अम्बुज कुमार राही, कांस्टेबल निखिल गुप्ता और कांस्टेबल संदेश मौर्या शामिल रहे।
