
अतरौलिया आशीष कुमार निषाद। नगर पंचायत अतरौलिया के वार्ड नंबर 10 में चार दिन पहले बनाई गई इंटरलॉकिंग सड़क पहली ही तेज बारिश में कई स्थानों पर धंस गई। सड़क पर जगह-जगह गहरे गड्ढे बन गए हैं और इंटरलॉकिंग ईंटें उखड़कर बिखर गई हैं। नई सड़क की यह हालत देखकर स्थानीय लोगों ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल उठाते हुए जांच और जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
वार्ड नंबर 10 में मन्ने समोसा वाले की दुकान से पाठक जी की आटा चक्की तक करीब 100 मीटर लंबी इंटरलॉकिंग सड़क का निर्माण हाल ही में कराया गया था। स्थानीय नागरिकों के मुताबिक निर्माण पूरा हुए चार दिन भी नहीं बीते थे कि तेज बारिश के बाद सड़क कई स्थानों पर बैठ गई। लोगों का आरोप है कि निर्माण के दौरान मानकों का पालन नहीं किया गया। मिट्टी की पर्याप्त भराई और उसकी ठीक से कुटाई नहीं कराई गई। इसके अलावा सड़क के नीचे बालू और डस्ट का मजबूत बेस तैयार किए बिना ही इंटरलॉकिंग ईंटें बिछा दी गईं।
सड़क धंसने के कारण राहगीरों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई स्थानों पर सड़क के नीचे खोखलापन होने के कारण दोपहिया वाहन चालकों के साथ ही बच्चों के लिए भी हादसे का खतरा बना हुआ है। लोगों ने मांग की कि सड़क निर्माण में इस्तेमाल सामग्री और बेस की गुणवत्ता की तकनीकी जांच कराई जाए, ताकि निर्माण में हुई अनियमितता सामने आ सके।
मामले की जानकारी मिलने पर भाजपा पदाधिकारी भी मौके पर पहुंचे और स्थानीय लोगों से सड़क की स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने अधिशासी अधिकारी से शिकायत कर सड़क निर्माण की गुणवत्ता की जांच कराने की मांग की। मौके पर सुभाष निषाद, संतराम निषाद, धर्मेंद्र निषाद (पूर्व नगर पंचायत प्रत्याशी), रमेश सिंह (रामू) समेत अन्य लोग मौजूद रहे।
अधिशासी अधिकारी विनय शंकर अवस्थी ने बताया कि सड़क धंसने का मामला संज्ञान में आया है। इसकी तकनीकी जांच कराई जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्माण में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सड़क को मानक के अनुरूप दुरुस्त किए जाने तक ठेकेदार का भुगतान नहीं किया जाएगा। जांच में दोषी पाए जाने पर संबंधित फर्म के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
