






आजमगढ़। पूर्वांचल के चर्चित माफियाओं में शामिल ध्रुव कुमार सिंह उर्फ कुन्टू सिंह के खिलाफ आजमगढ़ पुलिस और प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए उसकी लगभग 1.5 करोड़ रुपये मूल्य की अवैध संपत्ति कुर्क कर दी। गैंगस्टर एक्ट के तहत की गई इस कार्रवाई से अपराध जगत में हड़कंप मच गया है। प्रशासन ने जिस संपत्ति को कुर्क किया है, वह क्षेत्र में “बड़ी हवेली” के नाम से चर्चित है।
यह कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण चिराग जैन की निगरानी तथा क्षेत्राधिकारी नगर शुभम तोदी की उपस्थिति में की गई। पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम ने गांव पहुंचकर विधिक प्रक्रिया पूरी करते हुए संपत्ति को कुर्क किया।
पुलिस के मुताबिक ध्रुव सिंह उर्फ कुन्टू सिंह निवासी छपरा सुल्तानपुर थाना जीयनपुर, प्रदेश स्तर पर चिन्हित माफिया है। वह थाना जीयनपुर का हिस्ट्रीशीटर (138A) और गैंग नम्बर IR-36 का सरगना बताया गया है। उसके खिलाफ आजमगढ़, मऊ, जौनपुर और लखनऊ समेत कई जिलों में हत्या, लूट, डकैती, रंगदारी, अपहरण, धोखाधड़ी, गैंगस्टर एक्ट और आर्म्स एक्ट जैसी गंभीर धाराओं में कुल 78 मुकदमे दर्ज हैं।
अपराध की कमाई से तैयार हुई “बड़ी हवेली”
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी ने अपने गैंग के सदस्यों के साथ मिलकर संगठित अपराधों के जरिए करोड़ों रुपये की अवैध कमाई की। इसी धन से ग्राम छपरा सुल्तानपुर स्थित लगभग 23 वर्ष पुराने भवन का बड़े पैमाने पर पुनर्निर्माण और मरम्मत कराई गई। यह आलीशान भवन इलाके में “बड़ी हवेली” के नाम से जाना जाता है।
प्रशासन का दावा है कि यह हवेली केवल आवासीय भवन नहीं थी, बल्कि अपराधियों के जमावड़े, रंगदारी की रकम के बंटवारे और आपराधिक साजिशों की योजना बनाने का प्रमुख अड्डा बन चुकी थी। पुलिस रिपोर्ट के अनुसार, हवेली में हुए निर्माण और जिर्णोद्धार का कार्य पूरी तरह अपराध से अर्जित धन से कराया गया।
लोक निर्माण विभाग ने किया मूल्यांकन
मामले की जांच के दौरान लोक निर्माण विभाग द्वारा भवन का तकनीकी मूल्यांकन कराया गया। विभागीय रिपोर्ट में भवन की अनुमानित कीमत करीब 1.5 करोड़ रुपये आंकी गई। इसके बाद संयुक्त निदेशक अभियोजन, आजमगढ़ ने विधिक परीक्षण करते हुए पाया कि आरोपी के पास संपत्ति निर्माण का कोई वैध आय स्रोत नहीं है।
इसी आधार पर गैंगस्टर एक्ट की धारा 14(1) के तहत संपत्ति कुर्क करने की संस्तुति की गई, जिसे सक्षम प्राधिकारी ने मंजूरी दे दी।
1992 से अपराध की दुनिया में सक्रिय
पुलिस अभिलेखों के अनुसार ध्रुव सिंह उर्फ कुन्टू सिंह वर्ष 1992 से लगातार आपराधिक गतिविधियों में सक्रिय रहा है। उसके खिलाफ हत्या, हत्या की साजिश, लूट, रंगदारी, अपहरण, गैंगस्टर एक्ट, गुंडा एक्ट, एससी/एसटी एक्ट और फर्जीवाड़े जैसे मामलों में लगातार मुकदमे दर्ज होते रहे हैं।
उसके खिलाफ आजमगढ़ के अलावा मऊ, जौनपुर और लखनऊ में भी कई गंभीर मुकदमे पंजीकृत हैं। पुलिस रिकॉर्ड में वह संगठित अपराध के बड़े चेहरे के रूप में दर्ज है।
तहसीलदार सगड़ी बनाए गए प्रशासक
प्रशासन ने कुर्क की गई संपत्ति का प्रशासक तहसीलदार सगड़ी को नियुक्त किया है। थाना जीयनपुर पुलिस और राजस्व विभाग को नियमानुसार सम्पूर्ण कुर्की प्रक्रिया पूरी कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जनपद में संगठित अपराध और माफियाओं के विरुद्ध अभियान लगातार जारी रहेगा। अपराध से अर्जित संपत्तियों को चिन्हित कर उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई आगे भी की जाएगी।
