
आजमगढ़। निजामाबाद कस्बे में स्थित ऐतिहासिक गुरुद्वारा की भूमि को लेकर शुक्रवार को उस समय तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई, जब विवादित भूमि पर निर्माण कार्य कराए जाने की सूचना सिख समुदाय के लोगों को मिली। सूचना फैलते ही बड़ी संख्या में सिख समाज के लोग मौके पर पहुंच गए और निर्माण कार्य का विरोध शुरू कर दिया।
मामले की जानकारी मिलते ही गुरुद्वारा के जत्थेदार बाबा सतनाम सिंह भी घटनास्थल पर पहुंचे और प्रशासन को पूरे प्रकरण से अवगत कराया। सूचना पर थाना प्रभारी निजामाबाद राकेश कुमार सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और तत्काल निर्माण कार्य रुकवा दिया।
बताया जाता है कि कस्बा निवासी अफजल एवं असलम पुत्रगण कमरूद्दीन द्वारा उक्त भूमि पर निर्माण कराया जा रहा था। इस दौरान दोनों पक्षों के लोग बड़ी संख्या में मौके पर एकत्र हो गए, जिससे क्षेत्र में तनावपूर्ण माहौल बन गया।
गुरुद्वारा के जत्थेदार बाबा सतनाम सिंह ने आरोप लगाया कि कुछ लोग फर्जी दस्तावेजों के आधार पर गुरुद्वारा की भूमि पर कब्जा करने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि भूमि विवाद का मामला वर्तमान में कमिश्नर न्यायालय में विचाराधीन है और इसकी अगली सुनवाई 18 जून को निर्धारित है। ऐसे में न्यायालय में मामला लंबित होने के बावजूद निर्माण कार्य कराया जाना उचित नहीं है।
थाना प्रभारी राकेश कुमार सिंह ने दोनों पक्षों को स्पष्ट निर्देश दिया कि राजस्व विभाग की जांच और न्यायालय के निर्णय तक विवादित भूमि पर किसी भी प्रकार का निर्माण कार्य नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यथास्थिति बनाए रखी जाए और कानून-व्यवस्था भंग करने का प्रयास करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस के हस्तक्षेप और समझाइश के बाद स्थिति सामान्य हो गई तथा दोनों पक्ष शांतिपूर्वक अपने-अपने घर लौट गए। हालांकि भूमि विवाद को लेकर क्षेत्र में चर्चाओं का दौर जारी है और अब लोगों की निगाहें 18 जून को होने वाली सुनवाई पर टिकी हैं।
