
आजमगढ़। सगड़ी तहसील में नीलामी से संबंधित जमीन और ट्रैक्टर समेत अन्य सामान की फाइलें गायब होने का मामला सामने आया है। उलेमा काउंसिल के युवा प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष और शिब्ली नेशनल कॉलेज के पूर्व महामंत्री नुरुल होदा ने गुरुवार को कलेक्ट्रेट पहुंचकर जिलाधिकारी को शिकायती पत्र सौंपा। उन्होंने तहसील में नीलामी से संबंधित फाइलों के गायब होने का आरोप लगाते हुए मामले की जांच और कार्रवाई की मांग की है।
नुरुल होदा के अनुसार वह स्वयं इस मामले में पीड़ित हैं। उनका कहना है कि सगड़ी तहसील क्षेत्र के चालाकपुर में उन्हें नीलामी के माध्यम से 10 बिस्वा जमीन मिली थी। नीलामी के बाद प्रतिवादी पक्ष ने कमिश्नरी में अपील की, लेकिन वहां से उसकी दरखास्त खारिज हो गई। इसके बाद जब वह तहसील में संबंधित फाइल की जानकारी लेने पहुंचे तो फाइल ही नहीं मिल रही है।
उन्होंने आरोप लगाया कि इसी तरह नीलाम किए गए ट्रैक्टर और अन्य सामान से संबंधित फाइलें भी तहसील में उपलब्ध नहीं हैं। उनका आरोप है कि इसके पीछे एक ऐसा नेटवर्क काम कर रहा है, जिससे लोगों को परेशान किया जा रहा है और उन्हें न्याय पाने के लिए अधिकारियों के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं।
नुरुल होदा ने बताया कि वह करीब डेढ़ महीने से पीड़ित के तौर पर तहसील के संबंधित अधिकारियों के यहां दौड़भाग कर रहे हैं, लेकिन अभी तक उन्हें न्याय नहीं मिल सका है। उनका कहना है कि नियमानुसार संबंधित राशि जमा होने के बाद नीलाम की गई जमीन और ट्रैक्टर आदि को कब्जे में देने की प्रक्रिया पूरी होनी चाहिए थी, लेकिन फाइलों के उपलब्ध न होने के कारण कार्रवाई आगे नहीं बढ़ पा रही है।
उन्होंने जिलाधिकारी से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, गायब फाइलों का पता लगाने और नीलामी प्रक्रिया से जुड़े मामलों में नियमानुसार कार्रवाई कराकर पीड़ितों को न्याय दिलाने की मांग की है।
