






आजमगढ़। करीब 14 वर्ष पुराने हत्या के मामले में सुनवाई पूरी होने के बाद अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 69,750 रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। यह फैसला विशेष न्यायाधीश जैनुद्दीन अंसारी की अदालत ने गुरुवार को सुनाया।
📌 क्या था मामला
अभियोजन पक्ष के अनुसार वादी अजय उपाध्याय (निवासी मुजलिसपुर, थाना कप्तानगंज) की गांव के ही हृदय नारायण पाठक से पुरानी रंजिश चल रही थी।
इसी रंजिश के चलते 26 जून 2012 को आरोपी हृदय नारायण पाठक पुत्र त्रिलोकी नाथ पाठक ने अवैध असलहे से फायर कर देवी चरण को गंभीर रूप से घायल कर दिया था। इलाज के दौरान देवी चरण की मौत हो गई थी।
👮 जांच और सुनवाई
घटना के बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया।
मुकदमे की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से कुल 17 गवाह पेश किए गए।
⚖️ अदालत का फैसला
दोनों पक्षों की दलीलों और साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने आरोपी को दोषी ठहराते हुए:
आजीवन कारावास
₹69,750 का अर्थदंड
की सजा सुनाई।
👉 अदालत के इस फैसले को लंबे समय बाद पीड़ित परिवार को न्याय मिलने के रूप में देखा जा रहा है।
