
आजमगढ़। कोटिला चेक पोस्ट स्थित आजमगढ़ पब्लिक स्कूल में गुरुवार को भारत स्काउट्स एवं गाइड्स, उत्तर प्रदेश (जनपद आजमगढ़) के तत्वावधान में सीबीएसई विद्यालयों में स्काउट एवं गाइड इकाइयों की स्थापना विषय पर प्रधानाचार्यों का सम्मेलन आयोजित किया गया। सम्मेलन में जिले के विभिन्न सीबीएसई विद्यालयों के प्रधानाचार्यों और शिक्षाविदों ने भाग लेकर विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास में स्काउटिंग की भूमिका पर विस्तार से चर्चा की।
कार्यक्रम का शुभारंभ स्काउट प्रार्थना, दीप प्रज्ज्वलन और अतिथियों के सम्मान के साथ हुआ। इसके बाद नेतृत्व क्षमता, अनुशासन, सेवा, राष्ट्रभक्ति, चरित्र निर्माण और छात्र-छात्राओं के सर्वांगीण विकास में स्काउटिंग की उपयोगिता पर विचार-विमर्श किया गया।
विद्यालय के प्रबंधक सीए मोहम्मद नोमान ने कहा कि वर्तमान समय में केवल पाठ्यपुस्तक आधारित शिक्षा पर्याप्त नहीं है। विद्यार्थियों में सेवा, नेतृत्व, अनुशासन और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना विकसित करना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि भारत स्काउट्स एवं गाइड्स का आंदोलन जिम्मेदार नागरिक तैयार करने का प्रभावी माध्यम है।
विद्यालय की प्रधानाचार्या रूपल पंड्या ने कहा कि स्काउटिंग केवल एक सह-पाठ्यक्रम गतिविधि नहीं, बल्कि जीवन जीने की कला है। उन्होंने बताया कि यह विद्यार्थियों को आत्मनिर्भर, अनुशासित, साहसी और नेतृत्व क्षमता से परिपूर्ण बनाती है तथा सभी विद्यालयों से इस अभियान को व्यापक स्तर पर आगे बढ़ाने का आह्वान किया।
सिटी कोऑर्डिनेटर रेखा सिंह, लीडर ट्रेनर (रोवर) डॉ. शफीउज्ज़मा, जिला सचिव सुभाष चंद्र गोंड, एएसओसी (स्काउट्स) शैलेश प्रकाश और डीओसी (स्काउट्स) अवधेश यादव ने भी स्काउट एवं गाइड इकाइयों के गठन, प्रशिक्षण व्यवस्था और विद्यार्थियों के समग्र विकास में इसकी भूमिका पर अपने विचार रखे।
सम्मेलन के दौरान उपस्थित प्रधानाचार्यों और शिक्षाविदों ने भी सुझाव साझा किए तथा विद्यालयों में स्काउट एवं गाइड गतिविधियों के प्रभावी संचालन पर चर्चा की। कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन और राष्ट्रगान के साथ हुआ। इस अवसर पर अंकित पांडेय, सत्येंद्र यादव, मोहम्मद शाहिद, ऊज़्मा खान सहित विद्यालय के शिक्षक एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
