
आजमगढ़ – जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार की अध्यक्षता में आज कलेक्ट्रेट सभागार में राजस्व कार्यों तथा कर एवं करेत्तर की समीक्षा बैठक आयोजित की गयी।
जिलाधिकारी द्वारा उत्तर प्रदेश राजस्व संहिता की धारा 24, धारा 116, धारा 80, धारा 34, धारा 67 की समीक्षा की गयी। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि धारा 24 के वादों के निस्तारण में तेजी लायें।
धारा 116 के निस्तारण में तहसील निजामाबाद एवं धारा 80 के निस्तारण में तहसील बूढ़नपुर की प्रगति सबसे कम होने पर जिलाधिकारी ने लम्बित वादों को यथाशीघ्र निस्तारित करने के निर्देश दिये।
धारा 67 के निस्तारण में तहसील लालगंज, फूलपुर एवं तहसील मार्टीनगंज की प्रगति बेहद खराब पाये जाने पर जिलाधिकारी ने तहसीलदार लालगंज, फूलपुर एवं मार्टीनगंज से स्पष्टीकरण लेने के निर्देश अपर जिलाधिकारी प्रशासन को दिया।
इसके साथ ही जिलाधिकारी ने कर एवं करेत्तर राजस्व प्राप्ति की समीक्षा की गयी। पीडब्ल्यूडी एवं कृषि विभाग में करेत्तर राजस्व की प्राप्ति लक्ष्य के सापेक्ष न पाये जाने पर जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि लक्ष्य के सापेक्ष राजस्व की प्राप्ति सुनिश्चित करें। उन्होने राज्य कर अधिकारी को निर्देश दिया कि 02 किलोवॉट से अधिक के विद्युत बिल कनेक्शन वाले व्यवसायिक दुकानों के पंजीकरण की जांच करें एवं पंजीकरण नही पाये जाने पर आवश्यक कार्यवाही करना सुनिश्चित करें। उन्होने कहा कि तहसीलवार 10 बड़े बकायेदारों की सूची बनाकर वसूली सुनिश्चित करें। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि अगली माह तक कम से कम 50 प्रतिशत की वसूली सुनिश्चित की जाए।
खतौनी में त्रुटीपूर्ण अंश सुधार हेतु प्राप्त आनलाइन आवेदनों के निस्तारण की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि तहसीलवार रोस्टर बनाकर लेखपालों के माध्यम से इस कार्य का निस्तारण करायें। उन्होने कहा कि अविवादित वरासत के निस्तारण के प्रकरण किसी भी दशा में डिफाल्टर नही होने चाहिए।
भू माफियाओं एवं अतिक्रमणकर्ताओं के विरूद्ध प्राप्त शिकायतों की विभागवार समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि सरकारी जमीन के अभिलेखों के साथ छेड़छाड़ कर अवैध कब्जा करने वाले एवं थर्ड पार्टी द्वारा किसी दूसरे की जमीन को अपना बनाकर बेच दिया गया है, ऐसे प्रकरणों में भू माफिया घोषित करते हुए आवश्यक कार्यवाही करें।
इस के साथ ही जिलाधिकारी ने राजस्व ग्राम खतौनियों में खातेदार/सह खातेदारों के गाटों में खतौनी पुनरीक्षण एवं अंश निर्धारण, कृषक दुर्घटना बीमा, खनन पट्टों की अद्यतन स्थिति, पट्टा आवंटन, भूमि सुधार योजनान्तर्गत पट्टा आवंटन, कृषि भूमि का आवंटन, महालेखागार उ0प्र0 द्वारा उठाई गयी आडिट आपत्ति के निस्तारण की प्रगति, रिट याचिका आदि की समीक्षा कर आवश्यक दिशा निर्देश दिये गये।
इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी प्रशासन राहुल विश्वकर्मा, ज्वाइण्ट मजिस्ट्रेट सुनील कुमार धनवंता, समस्त उप जिलाधिकारी (न्यायिक), समस्त तहसीलदार, एआईजी स्टाम्प, कृषि, पीडब्ल्यूडी, जीएसटी, खनन एवं अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
