






बीमित वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो जाने पर मरम्मत का खर्च न देने के मामले में सुनवाई पूरी करने के बाद जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग (उपभोक्ता फोरम)ने बीमा कंपनी को आदेश दिया है कि परिवादी को 320000 रूपये अदा करे। इस मामले में परिवादी शिव कुमार यादव निवासी पूरा दूबे थाना अहिरौला ने मुकदमा दाखिल किया था। शिव कुमार यादव ने अपने ट्रक का बीमा यूनाइटेड इंडिया इंश्योरेंस कंपनी से कराया था। यह ट्रक का 14 सितम्बर 2020 को गाजीपुर जनपद के कासिमाबाद चौराहे पर एक दुर्घटना में क्षतिग्रस्त हो गया।जब परिवादी शिव कुमार यादव ने बीमा कंपनी से बीमा कंपनी से क्षतिपूर्ति के लिए दावा किया तो बीमा कंपनी की तरफ से कहा गया कि मरम्मत का बिल पेश करने पर भुगतान किया जाएगा।तब परिवादी ने अपने खर्चे से वाहन का मरम्मत करा कर कुल साढ़े चार लाख रूपये का बिल बीमा कंपनी में पेश किया।बीमा कंपनी ने समीक्षा करने के बाद केवल 158048 रूपये का ही भुगतान किया।तब परिवादी ने उपभोक्ता आयोग की शरण ली।इस मामले में बीमा कंपनी के तरफ से जवाब न देने पर पत्रावली एक पक्षीय रूप से अग्रसारित कर दी गई। परिवादी के अधिवक्ता की दलीलों को सुनने के बाद जिला उपभोक्ता प्रतितोष आयोग के अध्यक्ष ज्ञानेश कुमार तथा सदस्य प्रतिष्ठा वर्मा ने बीमा कंपनी को आदेश दिया कि परिवादी को कुल 320000 रुपए अदा करे।
